कोरोना वायरस की वैक्‍सीन की कमी को पूरा करने के लिए, फाइजर वैक्‍सीन के लिए मिली ग्‍लोबल टेंडर की बिड

कोरोना वायरस की वैक्‍सीन की कमी को पूरा करने के लिए, फाइजर वैक्‍सीन के लिए मिली ग्‍लोबल टेंडर की बिड

कोरोना वायरस की वैक्‍सीन की कमी को पूरा करने के लिए बृहन्‍मुंबई महानगर पालिका यानी बीएमसी ने ग्‍लोबल टेंडर निकाले थे. अब उसका कहना है कि उसे एक करोड़ वैक्‍सीन डोज के लिए निकाले गए ग्‍लोबल टेंडर पर फाइजर, एस्‍ट्राजेनेका और स्‍पूतनिक वैक्‍सीन की सप्‍लाई के लिए बोली प्राप्‍त हुई हैं. यह जानकारी बीएमसी कमिश्‍नर इकबाल सिंह चहल ने दी है. बीएमसी कमिश्‍नर इकबाल सिंह चहल ने जानकारी दी है कि ग्‍लोबल टेंडर के संबंध में कुल आठ बोली प्राप्‍त हुई हैं. इनमें से एक बोली फाइजर/एस्‍ट्राजेनेका और अन्‍य 7 बोली रूस क स्‍पूतनिक वैक्‍सीन के लिए मिली हैं. लेकिन इस बीच फाइजर के एक प्रवक्‍ता ने कहा है कि ना तो फाइजर और ना ही उसकी कोई सहयोगी कंपनी भारत समेत अन्‍य देशों में किसी को भी फाइजर-बायोएनटेक कोरोना वैक्‍सीन के आयात, बाजारीकरण या वितरण के लिए अधिकृत नहीं करती है. उनका कहना है कि कंपनी लगातार भारत सरकार के साथ बातचीत कर रही है ताकि उसकी वैक्‍सीन को राष्‍ट्रीय स्‍तर पर उपलब्‍ध कराया जा सके.

ऐसे में बीएमसी ने अपने ग्‍लोबल टेंडर की तय समय को आगे बढ़ा दिया है ताकि बोलीकर्ता अपनी बोली के संबंध में दस्‍तावेज भेज सकें. फाइजर/एस्‍ट्राजेनेका के लिए बोली चेक गणराज्‍य की कंपनी ओ3 ब्‍लू एनर्जी एसआरएल ने की है. उसका दावा है कि वो महीने भर में दोनों वैक्‍सीन की मिश्रित डोज उपलब्‍ध करा सकती है. इससे पहले भी फाइजर सीधे तौर पर राज्‍यों को वैक्‍सीन की सप्‍लाई करने से मना कर चुकी है. इससे पहले पंजाब और दिल्‍ली की राज्‍य सरकारों से भी उसने कहा था वह सीधे भारत सरकार से बात कर सकती है.



लोगसत्ता न्यूज
Anilkumar Upadhyay